राशमी में सरस घी के नाम पर 413 किलो संदिग्ध घी जब्त, भीलवाड़ा से जुड़ा सप्लाई का सुराग

राशमी में सरस घी के नाम पर 413 किलो संदिग्ध घी जब्त, भीलवाड़ा से जुड़ा सप्लाई का सुराग

चित्तौड़गढ़ में 413 किलो संदिग्ध घी जब्त, सरस के नाम वाले डिब्बों में हो रही थी पैकिंग

राशमी में मकान और दुकान से 4 क्विंटल 13 किलो घी मिला

भीलवाड़ा से आपूर्ति: पुलिस पूछताछ में घी भीलवाड़ा के एक सेलर से लाने का खुलासा

खाद्य सुरक्षा विभाग ने लिए नमूने: लैब में जांच के बाद होगा खुलासा

अभी घी में मिलावट की पुष्टि नहीं हुई, अंतिम स्थिति प्रयोगशाला की रिपोर्ट से होगी स्पष्ट 

विजय श्रीवास्तव

राशमी (चित्तौड़गढ़)। दीपावली के त्योहार पर जब घरों में मिठाइयां बनाने और पकवान तैयार करने के लिए घी की खरीद बढ़ जाती है, ऐसे समय में उसकी शुद्धता को लेकर सवाल खड़े होना चिंता का विषय है। राजस्थान के राशमी कस्बे में सरस घी के नाम वाले 413 किलो संदिग्ध घी की बरामदगी ने खाद्य सुरक्षा और बाजार में बिकने वाले उत्पादों की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

जिला विशेष टीम (डीएसटी), खाद्य सुरक्षा विभाग और राशमी थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक मकान और दुकान से घी के टिन और प्लास्टिक के डिब्बे जब्त किए गए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में घी की आपूर्ति भीलवाड़ा के एक सेलर से होने की बात सामने आई है। हालांकि, घी असली है या मिलावटी, इसका खुलासा प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही होगा।

read alos:70 साल की उम्र में लिवर कैंसर से जंग: गीतांजलि हॉस्पिटल में 10 CM से बड़े ट्यूमर की सफल जटिल सर्जरी

दीपावली से पहले कार्रवाई, खाद्य पदार्थों की शुद्धता पर सवाल

दीपावली के नजदीक आते ही बाजारों में घी, तेल, मिठाइयों और अन्य खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित सामान उपलब्ध कराना महत्वपूर्ण हो जाता है। राशमी में सरस घी के नाम से रखे संदिग्ध घी की बरामदगी इसी लिहाज से अहम है।

कार्रवाई के दौरान मिले डिब्बों पर सरस घी लिखा हुआ था। हालांकि, केवल पैकिंग पर किसी ब्रांड का नाम होने से उत्पाद की वास्तविक पहचान या गुणवत्ता प्रमाणित नहीं होती। इसी कारण खाद्य सुरक्षा विभाग ने घी के नमूने लेकर जांच की प्रक्रिया शुरू की है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि घी निर्धारित मानकों के अनुरूप है या उसमें किसी प्रकार की मिलावट अथवा अन्य अनियमितता पाई जाती है।

read alos:IIT जोधपुर में AI रिसर्च: रोबोटिक अल्ट्रासाउंड और पसलियों के फ्रैक्चर की पहचान

डीएसटी को सूचना मिलने के बाद तैयार की गई कार्रवाई की योजना

पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि जिले में अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए जिला विशेष टीम को निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में गुरुवार को डीएसटी प्रभारी एएसआई सूरज कुमार को सूचना मिली कि राशमी कस्बे में अनिल पोखरना के मकान और दुकान में बड़ी मात्रा में देसी घी रखा हुआ है और उसकी बिक्री की जा रही है।

सूचना का सत्यापन करने के बाद डीएसटी ने खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया और संयुक्त कार्रवाई की योजना बनाई। इसके बाद टीम राशमी पहुंची और स्थानीय थाना पुलिस को साथ लेकर संबंधित मकान तथा दुकान की तलाशी ली।

मकान और दुकान से मिले टिन व प्लास्टिक के डिब्बे

एएसआई सूरज कुमार के नेतृत्व में पहुंची डीएसटी टीम के साथ खाद्य सुरक्षा विभाग के फूड इंस्पेक्टर मनीष शर्मा और कुलदीप मीणा मौजूद रहे। राशमी थाना पुलिस की सहायता से की गई तलाशी के दौरान अलग-अलग पैकिंग में घी के टिन और प्लास्टिक के डिब्बे मिले।

इन डिब्बों पर सरस घी लिखा हुआ था। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने घी को संदिग्ध मानते हुए उसके नमूने लिए। इसके बाद घी से भरे सभी डिब्बों को सील कर दिया गया। जिस कमरे में घी रखा हुआ था, उसे भी सील किया गया, ताकि जांच पूरी होने तक जब्त सामग्री सुरक्षित रखी जा सके।

read alos: मक्का के बाद अब मदीना पर मिसाइल अटैक, हूती बोले- हमने नहीं किया हमला

अधिकारियों के अनुसार, मौके से जब्त घी का कुल वजन 4 क्विंटल 13 किलो यानी 413 किलो है। इतनी बड़ी मात्रा में घी मिलने के बाद अब उसकी गुणवत्ता और आपूर्ति से जुड़े तथ्यों की जांच महत्वपूर्ण हो गई है।

प्रयोगशाला की रिपोर्ट बताएगी घी की असलियत

खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से लिए गए नमूने प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजे जाएंगे। जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि घी खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरा उतरता है या उसमें मिलावट अथवा गुणवत्ता से संबंधित कोई गड़बड़ी है।

फिलहाल घी को संदिग्ध मानकर जब्त किया गया है। घी में मिलावट की पुष्टि अभी नहीं हुई है, इसलिए जांच रिपोर्ट आने से पहले इसे मिलावटी घोषित करना उचित नहीं होगा। रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई और उत्पाद की वास्तविक गुणवत्ता को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।

इस मामले में भीलवाड़ा के एक सेलर से घी लाए जाने की बात प्रारंभिक पूछताछ में सामने आई है। ऐसे में आपूर्ति से संबंधित जानकारी की पुष्टि भी जांच के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेगी।

read alos: ‘नई नवेली’ के प्रमोशन के लिए जयपुर पहुंचीं यामी गौतम: रात को राजमंदिर में करेंगी फिल्म का प्रचार, 16 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी

संयुक्त कार्रवाई में पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारी शामिल

इस कार्रवाई में राशमी थाना पुलिस, डीएसटी और खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया।

राशमी थाना पुलिस की टीम में थानाधिकारी गेहरीलाल गुर्जर के साथ हेड कांस्टेबल हजारीलाल तथा कांस्टेबल सुरेश, जैसाराम, अनिल, अर्जुन और लाल शामिल रहे।

डीएसटी टीम की ओर से कांस्टेबल अरविंद, कृष्णकांत, अशोक, वीरेंद्र, रमेश और मनोज कार्रवाई में शामिल हुए। खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से फूड इंस्पेक्टर मनीष शर्मा और कुलदीप मीणा ने घी के नमूने लेने सहित आवश्यक प्रक्रिया पूरी की।

उपभोक्ताओं के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह मामला?

त्योहारों के दौरान बड़ी संख्या में लोग घरों में मिठाइयां और पकवान बनाने के लिए घी खरीदते हैं। ऐसे में उत्पाद की पैकिंग, लेबल और विश्वसनीय स्रोत से खरीद पर ध्यान देना जरूरी है। ब्रांड का नाम छपा होना अपने आप में शुद्धता की गारंटी नहीं है।

राशमी में हुई इस कार्रवाई के बाद अब सबकी नजर प्रयोगशाला की रिपोर्ट पर है। जांच से यह स्पष्ट होगा कि जब्त घी की गुणवत्ता में कोई गड़बड़ी थी या नहीं। साथ ही, मामले से जुड़े आपूर्ति के तथ्यों की पुष्टि भी आगे की कार्रवाई के लिए अहम होगी।

——————————-  

#RashmiNews, #ChittorgarhNews, #SarasGhee, #SuspiciousGhee, #FoodSafetyDepartment, #DSTAction, #BhilwaraNews, #RajasthanNews, #Diwali, #FoodProductInspection, राशमी में संदिग्ध घी जब्त, सरस घी, 413 किलो घी बरामद, खाद्य सुरक्षा विभाग, भीलवाड़ा घी सप्लाई, राजस्थान में मिलावट की जांच

CATEGORIES
TAGS
Share This