
जयपुर बुकमार्क और JLF का दूसरा दिन: प्रकाशन, साहित्य, विज्ञान और वैश्विक संवाद का भव्य संगम
जयपुर बुकमार्क 2026: प्रकाशन उद्योग, ऑडियोबुक्स और पाठक समुदायों के भविष्य पर मंथन
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026: शतरंज, इतिहास, यात्रा, विज्ञान और हास्य से सजे मंच
वैश्विक विस्तार की घोषणा से लेकर कला, संगीत और बच्चों के साहित्य तक व्यापक विमर्श
विजय श्रीवास्तव,
जयपुर, dusrikhabar.com। जयपुर एक बार फिर वैश्विक साहित्यिक और बौद्धिक संवाद का केंद्र बना हुआ है। ब्लूवन इंक द्वारा प्रस्तुत जयपुर बुकमार्क 2026 और वेदांता द्वारा प्रस्तुत जयपुर लिटरेचर फ़ेस्टिवल 2026 के दूसरे दिन प्रकाशन उद्योग, साहित्य, विज्ञान, इतिहास, कला और भविष्य की सोच पर केंद्रित सत्रों ने श्रोताओं को विचारों की गहराई में उतरने का अवसर दिया। होटल क्लार्क्स आमेर में आयोजित ये दोनों आयोजन न केवल भारत बल्कि दक्षिण एशिया और दुनिया भर के रचनात्मक समुदायों को जोड़ने का सशक्त मंच बनकर उभरे।
read also:कैसा रहेगा आपका आज, क्या कहता है भाग्यांक? 17 जनवरी, शनिवार, 2026
जयपुर बुकमार्क 2026—प्रकाशन और पाठक समुदायों का बदलता भविष्य
ब्लूवन इंक द्वारा प्रस्तुत जयपुर बुकमार्क 2026 के दूसरे दिन प्रकाशन, बुकस्टोर्स और उभरते पाठक समुदायों के भविष्य पर गहन संवाद हुआ। दक्षिण एशिया के प्रमुख पब्लिशिंग कॉन्क्लेव के 13वें संस्करण में भारत और अंतरराष्ट्रीय प्रकाशन जगत की वर्तमान चुनौतियों और संभावनाओं पर विचार किया गया।
दिन की शुरुआत फ्यूचर्स्केप: स्पॉटिंग ट्रेंड्स इन द पब्लिशिंग इंडस्ट्री सत्र से हुई, जहां एआई के बढ़ते उपयोग, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, ई-बुक्स और ऑडियोबुक्स के प्रभाव तथा पब्लिशिंग की बदलती अर्थव्यवस्था पर चर्चा हुई।
read also:राजस्थान में शिक्षक भर्ती परीक्षा आज से, 7759 पदों के लिए 7 पारियों में परीक्षा…
इसके बाद हिंदी लिटरेरी पॉडकास्ट्स: साहित्य के नए खोजदीप सत्र में हिंदी साहित्यिक पॉडकास्ट्स की बढ़ती लोकप्रियता, डिजिटल माध्यम से स्थानीय कारीगरों और युवा रचनाकारों की भागीदारी और इस क्षेत्र की सीमाओं पर संवाद हुआ। वहीं लिसन इन: द इवॉल्विंग स्टोरी ऑफ द ऑडियोबुक सत्र में भारत में ऑडियोबुक इकोसिस्टम के तेज़ विस्तार, विभिन्न भाषाओं और श्रोताओं की सुनने की आदतों तथा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की भूमिका पर विचार किया गया।
इमर्जिंग मार्केट्स फॉर इंडियन पब्लिशिंग सत्र में भारतीय पुस्तकों को वैश्विक बाज़ार तक पहुंचाने, अनुवाद की रचनात्मक भूमिका और एआई की सीमाओं पर गहन विमर्श हुआ।
दिन के कार्यक्रम में वीना राव की पुस्तक ‘जयपुर कॉलिंग: ए पीक इंटू द पिंक सिटी’ का विमोचन भी शामिल रहा। बच्चों के लिए कहानी कहने, शहर की सांस्कृतिक विविधता और चिल्ड्रन्स पब्लिशिंग की जिम्मेदारी पर चर्चा हुई।
द सेंट ऑफ बुक्स सत्र में बुकस्टोर्स को आज भी सांस्कृतिक केंद्र बताते हुए उनके स्थायी महत्व पर जोर दिया गया।
read also:राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का जयपुर दौरा, 1008 कुण्डीय हनुमान महायज्ञ में पूर्णाहूति
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026—विचारों, विज्ञान और साहित्य का उत्सव
वेदांता द्वारा प्रस्तुत जयपुर लिटरेचर फ़ेस्टिवल 2026 के दूसरे दिन साहित्य, इतिहास, खेल, विज्ञान और हास्य जगत की दिग्गज हस्तियों ने मंच संभाला। दिन की शुरुआत भोपा समुदाय की भंवरी देवी के लोकसंगीत से हुई, जिसने राजस्थान की परंपरा को जीवंत कर दिया।

वर्ल्ड चेस चैंपियन विश्वनाथन आनंद ने अपने करियर, संघर्ष और प्रेरणा पर संवाद करते हुए युवाओं को जुनून के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया।
अमन नाथ की पुस्तक ओल्डर, बोल्डर का विमोचन ज़ीनत अमान और संजॉय के. रॉय द्वारा किया गया, जहां जीवन, प्रेम और स्मृतियों पर गहन चर्चा हुई।
read also:1300 करोड़ पार हुई रणवीर सिंह की ‘धुरंधर’, बेटी दुआ के आने से बदली किस्मत!
द फिलैंथ्रॉपी पैराडॉक्स सत्र में परोपकार, सरकार और निजी संस्थानों के जटिल संबंधों पर बातचीत हुई। द ट्रेवल सेशन में यात्रा लेखन को आत्मकथा से आगे बढ़कर अनुभव और परिवेश का दस्तावेज़ बताया गया।

ब्रिटिश अभिनेता स्टीफन फ्राय ने भाषा, पहचान, रचनात्मकता और सोशल मीडिया पर विचार साझा किए, जबकि द लॉस्ट हीर: वुमन इन कॉलोनियल पंजाब सत्र में महिलाओं के इतिहास और अनकही कहानियों पर रोशनी डाली गई।
विज्ञान, वैश्विक विस्तार और कला की नई घोषणाएं
गॉड पार्टिकल: द स्टोरी ऑफ एवरीथिंग सत्र में वैज्ञानिकों ने हिग्स बोसोन और ब्रह्मांड की उत्पत्ति पर चर्चा की। दूसरे दिन जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के नए अंतरराष्ट्रीय संस्करण—JLF आइलैंड ऑफ आयरलैंड (22–31 मई 2026) की घोषणा की गई, जिससे फेस्टिवल का वैश्विक विस्तार और मजबूत हुआ।
साथ ही स्लीपवेल प्रस्तुत द सेक्रेड अमृतसर फ़ेस्टिवल 2026 की तारीखों की घोषणा हुई। ओजस आर्ट: एसेंडिंग रूट्स सत्र में समकालीन भारतीय कला पर चर्चा हुई और ओजस आर्ट अवार्ड 2026 छत्तीसगढ़ के कलाकार पिसाडू राम मंडवी को प्रदान किया गया।
————-
#JaipurBookmark2026, #JLF2026, #JaipurLiteratureFestival, #PublishingIndustry, #IndianLiterature, #AudioBooks, #BookCulture, #LiteraryFestival, Jaipur Bookmark 2026, Jaipur Literature Festival 2026, JLF 2026, Publishing Industry, Audiobooks, Literature Festival, Bookstores, AI and Publishing
